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मृत्यु
April 19, 2017 | Ankit Tiwari






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मृत्यु परम मित्र है,
वह नहीं छोड़ती कभी हाथ।।
वह सदा चलती है साथ,
छोडती नहीं कभी आपका हाथ।
आपकी दीवानी ,
आपको ले जाएगी अपने साथ।
वही सत्य का दर्शन देती,
निभाती आपका साथ ।
आपके मार्ग को निर्धारित कर,
ले चलती इस जग से पार।
मृत्यु है सच्ची,
न रूठेगी एक भी बार।
शरीर थकान से चूर होगा,
दुनिया आपसे दूर होगी।
केवल आपकी मित्र,
मृत्यु आपके साथ होगी।
आपके रोगी जर्जर होने पर भी,
केवल आपके ही साथ होगी।
बुरा नहीं मानेगी,
साथ नहीं छोड़ेगी।
जीवन के प्रतिपल,
करती रहेगी वह बात।
जीवन तो चुकता जाएगा,
मृत्यु ओर बढ़ता जाएगा।
आपके न कहने पर भी,
बनी रहेगी साथ।
तुमने आस करी जीवन की,
मैं हूँ मृत्यु के साथ।
मृत्यु परम मित्र है,
वह नहीं छोड़ती कभी हाथ।।

।।अंकित तिवारी।।

KissaKriti | मृत्यु
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